Bewafa Shayari in Hindi (बेवफा शायरी)

Bewafa Shayari, Bewafa Shayari in Hindi

टूटे दिलों पर मरहम लगाने के लिए सबसे अच्छी Bewafa Shayari ये बेवफा शायरी सबसे अच्छी शायरी है। ऐसी दर्द वाली शायरी आपको और कहीं नहीं मिलेगी। अभी पढ़िए….

Bewafa Shayari, Bewafa Shayari in Hindi
Bewafa Shayari

हो सके तो वक्त पे लौट आना ए बेवफा,
वरना मेरी साँसो की जगह मेरी राख मिलेगी।

शौक़ नहीं है मुझे उदास रहने का,
बस किसी की याद मुझे उदास कर देती है।

कुछ रिश्ते बनते ही टूटने के लिये है,
प्यार के रिश्ते का नाम इन सबसे ऊपर है।

Bewafa Shayari, Bewafa Shayari in Hindi
Bewafa Shayari

भीगी-भीगी सी ये जो मेरी लिखावट है,
स्याही में थोड़ी सी, मेरे अश्कों की मिलावट है।

तेरी यादों से भरी है, मेरे दिल की तिजोरी,
कोई कोहिनूर भी दे तो भी मैं सौदा ना करूँ।

लोग आये थे मेरी जायदाद की तलाशी लेने,
उनको बस तकिये के नीचे से तेरी तस्वीर मिली।

Bewafa Shayari, Bewafa Shayari in Hindi
Bewafa Shayari

वो सुना रहे थे अपनी वफाओं के किस्से,
हम पर नजर पड़ी तो खामोश हो गये।

मुझे बहुत प्यारी है, तुम्हारी दी हुई हर एक निशानी,
चाहे वो दिल का दर्द हो, या आँखों का पानी।

बड़े दिनों बाद देखा उन्हें,
दिल भरा नहीं, बस आँखे भर आई।

Bewafa Shayari, Bewafa Shayari in Hindi
Bewafa Shayari

फिर से निकलेंगे तलाश-ए-ज़िन्दगी में,
दुआ करना इस बार कोई बेवफा न निकले।

किस्मत के तराज़ू में तोलो तो फ़कीर हैं हम,
और दर्द-ए-दिल में हम सा नवाब कोई नहीं।

इस दुनिया के लोग भी कितने अज़ीब हैं…
सारे खिलौने छोड़ कर जज़्बातों से खेलते हैं।

Bewafa Shayari, Bewafa Shayari in Hindi
Bewafa Shayari

जाते-जाते उसके आखिरी अल्फाज़ यही थे,
जी सको तो जी लेना मर जाओ तो बेहतर है।

सामान बाँध लिया है मैंने भी अब बताओ दोस्त,
वो लोग कहाँ रहते है जो कहीं के नहीं रहते।

दिलों की बात करता है ज़माना,
यहां मोहब्बत आज भी चेहरों से शुरू होती है।

Bewafa Shayari, Bewafa Shayari in Hindi
Bewafa Shayari

ज़हर देता है कोई, कोई दवा देता है,
जो भी मिलता है मेरा दर्द बढ़ा देता है।

दर्द तो ऐसे मेरे पीछे पड़ा है,
जैसे मैं उसकी पहली मोहब्बत हूँ।

ये मोहब्बत के हादसे दिलो को तोड़ देते है,
तुम मंज़िल की बात करते हो लोग राहों में छोड़ देते है।

Bewafa Shayari, Bewafa Shayari in Hindi
Bewafa Shayari

मोहब्बत से भरी कोई गजल उसे पसंद नहीं,
बेवफाई के हर शेर पे वो दाद दिया करते हैं..!!

मैंने ज़िन्दगी से कुछ नहीं माँगा तेरे सिवा…
और ज़िन्दगी ने मुझे सब कुछ दिया तेरे सिवा…!!

फ़रियाद कर रही है तरसती हुई निगाहें,
देखे हुए किसी को ज़माना गुजर गया।

Bewafa Shayari, Bewafa Shayari in Hindi
Bewafa Shayari

मेरी आँखों से बहने वाला ये आवारा सा आसूँ,
पूछ रहा है पलकों से तेरी बेवफाई की वजह।

अब ना करूँगा अपने दर्द को बयान,
जब दर्द सहना मुझको ही है तो तमाशा क्यों करना।

मैं फिर से निकलूंगा तलाश-ए-जिन्दगी में,
दुआ करना दोस्तो, इस बार किसी से इश्क ना हो।

Bewafa Shayari, Bewafa Shayari in Hindi
Bewafa Shayari

कैसे यकीन करें हम तेरी मोहब्बत का,
जब बिकती है बेवफाई तेरे ही नाम से।

रोकना मेरी हसरत थी और जाना उसका शौक,
वो शौक पूरा कर गए, मेरी हसरतें तोड़ कर।

किसी ने कहा था महोब्बत फूल जैसी है,
कदम रुक गये आज जब फूलों को बाजार में बिकते देखा।

Bewafa Shayari, Bewafa Shayari in Hindi
Bewafa Shayari

जुल्मो सितम सहते रहे, एक बेवफा की आस मे..!
डुबो दिया मुझे दरिया ने, दो घूट की प्यास में..!!

उसका वादा भी अजीब था कि जिन्दगी भर साथ निभायेंगे,
मैंने भी ये नहीं पुछा की मोहब्बत के साथ या यादों के साथ।

कौन कहता है आईना झूठ नहीं बोलता,
वह सिर्फ होठो की मुस्कान देखता है, दिल का दर्द नहीं…!!

Bewafa Shayari, Bewafa Shayari in Hindi
Bewafa Shayari

जब तक न लगे ठोकर बेवाफ़ाई की,
हर किसी को अपनी पसंद पर नाज़ होता है।

वही शख्स आकेला छोड गया मुझे इस दुनिया कि भीड में,
जो अपनी हर दुआँओ मैं मुझे माँगा करता था कभी।

तुने हमे छोड दिया कोई बात नहीं,
हम दुआ करेगे कोई तुझे ना छोङे किसी और के लिए।

Bewafa Shayari, Bewafa Shayari in Hindi
Bewafa Shayari

हमें तो कबसे पता था की तू बेवफ़ा है!
तुझे चाहा इसलिए कि शायद तेरी फितरत बदल जाये!!

अच्छा है कि आँसुओ का रंग नहीं होता,
वरना रात का भीगा हुआ तकिया सुबह सारे राज खोल देता।

जब भी वो उदास हो उसे मेरी कहानी सुना देना,
मेरे हालात पर हँसना उसकी पुरानी आदत है।

Bewafa Shayari, Bewafa Shayari in Hindi
Bewafa Shayari

भुला देंगे तुमे भी, ज़रा सबर तो कीजिए,
तुम्हारी तरह बेवफा होने मे थोड़ा वक़्त तो लगेगा..!!

हमारे बाद नहीं आएगा उन्हें चाहत का ऐसा मज़ा,
वो लोगों से कहते फिरेंगे मुझे चाहो उसकी तरह।

आईना आज फिर रिशवत लेता पकडा गया,
दिल में दर्द था ओर चेहरा हंसता हुआ पकडा गया।

Bewafa Shayari, Bewafa Shayari in Hindi
Bewafa Shayari

बड़े सुकून से रहते है अब वो मेरे बिना…
जैसे किसी उलझन से छुटकारा मिल गया हो…

ये कैसी चाहतें पाल रखी है लोगों ने…
अगर ना हो पूरी तो नफरत में बदल जाती है।

कोई नहीं आऐगा मेरी जिदंगी मे तुम्हारे सिवा,
एक मौत ही है जिसका मैं वादा नहीं करता।

Bewafa Shayari, Bewafa Shayari in Hindi
Bewafa Shayari

इजाज़त हो तो तेरे चहेरे को देख लूँ जी भर के…
मुद्दतों से इन आँखों ने कोई बेवफा नहीं देखा।

हमारे हर सवाल का सिर्फ एक ही जवाब आया,
पैगाम जो पहूँचा हम तक, बेवफा इल्जाम आया।

महफ़िल में गले मिल के वो धीरे से कह गए,
ये दुनिया की रस्म है मोहब्बत न समझ लेना।

Bewafa Shayari, Bewafa Shayari in Hindi
Bewafa Shayari

हर भूल तेरी माफ़ की, तेरी हर खता को भुला दिया,
गम है कि मेरे प्यार का तूने बेवफाई सिला दिया।

रोये कुछ इस तरह से मेरे जिस्म से लग के वो,
ऐसा लगा कि जैसे कभी बेवफा न थे वो।

बहुत अजीब सिलसिले है मोहब्बत इश्क मैं,
कोई वफ़ा के लिए रोया तो कोई वफ़ा कर के रोया।

Bewafa Shayari, Bewafa Shayari in Hindi
Bewafa Shayari

मुझे शिकवा नहीं कुछ तेरी बेवफ़ाई का,
गिला तो तब हो अगर तूने वफ़ा निभाई हो।

तुम समझ लेना बेवफा मुझको, मै तुम्हे मगरूर मान लूँगा,
ये वजह अच्छी होगी, एक दूसरे को भूल जाने के लिये..!!

सुकून की तलाश में हम दिल बेचने निकले थे,
खरीददार दर्द भी दे गया और दिल भी ले गया..!!

Bewafa Shayari, Bewafa Shayari in Hindi
Bewafa Shayari

इतनी मुश्किल भी न थी राह मेरी मोहब्बत की,
कुछ ज़माना खिलाफ हुआ कुछ वो बेवफा हुए।

रुसवा क्यों करते हो तुम इश्क़ को, ए दुनिया वालो,
मेहबूब तुम्हारा बेवफा है, तो इश्क़ का क्या गुनाह है।

अब क्या बतायें किसी को कि ये क्या सजा है,
इस बेनाम ख़ामोशी की क्या वजह है।

Bewafa Shayari, Bewafa Shayari in Hindi
Bewafa Shayari

दर्द छुपा है सीने में…
तकलीफ हो रही है जीने में…!!

एक “सफ़र” ऐसा भी होता है दोस्तों,
जिसमें “पैर” नहीं “दिल” थक जाता है।

इकरार बदलते रहते है..
इंकार बदलते रहते हैं,
कुछ लोग यहाँ पर ऐसे है,
जो यार बदलते रहते हैं।

Bewafa Shayari, Bewafa Shayari in Hindi
Bewafa Shayari

चित्रकार तुझे उस्ताद मानूँगा,
दर्द भी उतार मेरी तस्वीर के साथ।

उनकी नजर मै फर्क आज भी नहीं,
पहले मुड़ कर देखते थे,
अब देख कर मुड़ जाते है।

हमने वक़्त से बहुत वफ़ा की लेकिन,
वक़्त हमसे बेवफाई कर गया,
कुछ तो हमारे नसीब बुरे थे,
कुछ लोगों का हमसे जी भर गया..